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धनबाद :IIT (ISM) में 6 फरवरी से ट्रिपल आई कॉन्क्लेव व प्रदर्शनी, राज्यपाल करेंगे उद्घाटन

आईआईटी आईएसएम धनबाद में 6 से 8 फरवरी तक तीन दिवसीय इंडस्ट्री–इंस्टीट्यूट इंटरैक्शन कॉन्क्लेव एवं प्रदर्शनी (Triple I) का आयोजन किया जा रहा है. इस बहुप्रतीक्षित कार्यक्रम का उद्घाटन झारखंड के राज्यपाल संतोष गंगवार मुख्य अतिथि के रूप में करेंगे.
 

Dhanbad: आईआईटी आईएसएम धनबाद में 6 से 8 फरवरी तक तीन दिवसीय इंडस्ट्री–इंस्टीट्यूट इंटरैक्शन कॉन्क्लेव एवं प्रदर्शनी (Triple I) का आयोजन किया जा रहा है. इस बहुप्रतीक्षित कार्यक्रम का उद्घाटन झारखंड के राज्यपाल संतोष गंगवार मुख्य अतिथि के रूप में करेंगे. राज्यपाल दोपहर 12 बजे संस्थान पहुंचेंगे और उद्घाटन सत्र में भाग लेंगे.

 

आईआईटी आईएसएम, विज्ञान भारती, सीएमपीडीआई/सिंफर धनबाद तथा टेक्समिन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह कॉन्क्लेव आत्मनिर्भर भारत की आवश्यकता विषय पर केंद्रित है. यह जानकारी प्रो. सुकुमार मिश्रा (डायरेक्टर IIT -ISM) एनपी शुक्ला (विज्ञान भारती) और एके मिश्रा ( डायरेक्टर सिंफर ) ने गुरुवार को प्रेस वार्ता कर दी. 

 

उन्होंने बताया कि कार्यक्रम में स्मार्ट माइनिंग, क्रिटिकल मिनरल्स और ग्रीन एनर्जी जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर विशेष फोकस रहेगा. कॉन्क्लेव के दौरान आईआईटी आईएसएम विभिन्न राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के साथ 5 महत्वपूर्ण एमओयू साइन करेगा. इनमें बीएसएनएल के अलावा रूस की रोस्टम कंपनी, दक्षिण अमेरिका की यकटोर कंपनी समेत अन्य औद्योगिक साझेदार शामिल हैं. 

 

संस्थान 5जी तकनीक को माइनिंग सेक्टर से जोड़ने के उद्देश्य से बीएसएनएल के साथ करार करेगा, जिसे टेक्समिन-बीएसएनएल परियोजना के रूप में विकसित किया जाएगा. वहीं क्रिटिकल मिनरल्स की संभावनाओं की खोज और रेयर अर्थ रिसोर्सेज के विकास के लिए रोस्टम के साथ समझौता होगा. 

 

विज्ञान भारती के प्रतिनिधि एनपी शुक्ला ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य विज्ञान और तकनीक को आम लोगों तक पहुंचाना तथा युवाओं में वैज्ञानिक सोच विकसित करना है. माइनिंग साइंस एंड टेक्नोलॉजी को व्यावहारिक रूप से प्रस्तुत करने के लिए कई तकनीकी सत्र और प्रदर्शनियां आयोजित की जाएंगी.


कॉन्क्लेव में सिंफर की 8 प्रयोगशालाओं सहित कुल 30 संस्थानों की लेबोरेट्री प्रदर्शनी लगाई जाएगी. जहां आधुनिक अनुसंधान और तकनीकों का प्रदर्शन होगा. साथ ही इसरो की स्पेस ऑन व्हील्स बस भी आकर्षण का केंद्र रहेगी. जहां स्कूली बच्चे और आगंतुक अंतरिक्ष विज्ञान से जुड़ी रोचक जानकारियां प्राप्त कर सकेंगे. 

 


आईआईटी आईएसएम के निदेशक प्रो. सुकुमार मिश्रा, विज्ञान भारती के एनपी शुक्ला और सिंफर के निदेशक ए.के. मिश्रा ने कार्यक्रम को उद्योग और शिक्षा जगत के बीच मजबूत सेतु बताते हुए, इसे क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण पहल करार दिया है.

 

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