Search

 
 
 

Giridih News: वन में लौटा पीरटांड़ क्षेत्र से 28 हाथियों का झुंड, ड्रोन व ग्रामीणों ने निभाई अहम भूमिका

गिरिडीह वन प्रक्षेत्र के अंतर्गत पीरटांड़ के दुधनिया गांव के पास सरिया क्षेत्र से आए 28 जंगली हाथियों के झुंड को वन विभाग ने दो दिन की कड़ी मशक्कत के बाद सुरक्षित वनों में लौटा दिया है. विभाग ने बताया कि ड्रोन के माध्यम से लगातार ट्रैक किए जाने और विशेष ड्राइव टीम, क्विक रिस्पांस टीम (QRT) वाहनों तथा स्थानीय ग्रामीणों की मदद से यह कार्य हुआ.
 

Giridih: गिरिडीह वन प्रक्षेत्र के अंतर्गत पीरटांड़ के दुधनिया गांव के पास सरिया क्षेत्र से आए 28 जंगली हाथियों के झुंड को वन विभाग ने दो दिन की कड़ी मशक्कत के बाद सुरक्षित वनों में लौटा दिया है. विभाग ने बताया कि ड्रोन के माध्यम से लगातार ट्रैक किए जाने और विशेष ड्राइव टीम, क्विक रिस्पांस टीम (QRT) वाहनों तथा स्थानीय ग्रामीणों की मदद से यह कार्य हुआ.

 

वन क्षेत्र पदाधिकारी एस. के. रवि ने बताया कि मानव–हाथी द्वंद को रोकने के लिए रातभर ड्राइव जारी रखी गई. इस दौरान हाथियों को पीरटांड़ के दूधनिया, कठवारा, कुम्हारलालो, नावाडीह, प्रतापपुर, पारसबनी, जंगो, बिशुनपुर, खेताडाबर व अंगिया होते हुए उनके प्राकृतिक कॉरिडोर की ओर लौटाया गया. ड्राइव के दौरान वनकर्मियों ने शांत और नियंत्रित तरीके से मार्गदर्शन किया ताकि कोई मानव-क्षति या जीवों का अप्रिय झगड़ा न हो.

 

वन विभाग ने कहा कि हाल के दिनों में विभिन्न क्षेत्रों से मानव–हाथी संघर्ष की घटनाएं बढ़ी हैं, इसलिए ग्रामीणों से आग्रह किया गया है कि वे सजग रहें और विभाग द्वारा जारी किए जा रहे सुरक्षा निर्देशों का पालन करें. एस. के. रवि ने यह भी कहा कि इंसान व जंगली जीव—विशेषकर हाथी—पर्यावरण के अभिन्न अंग हैं और इनका संरक्षण हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है.

 

स्थानीय ग्रामीणों ने भी ड्राइव में सहयोग प्रदान किया और कहा कि समय पर मिलने वाली जानकारी व विभाग की तत्परता से बड़ी दुर्घटना टल गई. वन विभाग ने भविष्य में ऐसे घटनाक्रमों को रोकने हेतु ड्रोन निगरानी, QRT टीमों की तत्परता और ग्रामीण समुदाय के साथ समन्वय बढ़ाने का संकल्प भी जताया है.

 

Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें

 

 

Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही