Giridih: जिले के पचंबा थाना क्षेत्र स्थित बलखंजो स्थित राधा स्वामी संगठन द्वारा संचालित 60-40 योजना समेत कई अन्य योजनाओं में शामिल दर्जनों लोग आर्थिक संकट झेल रहे हैं. कार्यालय पहुंचे लोगों का आरोप है कि संगठन के भरोसे कई लोगों ने दोपहिया वाहन खरीदे और बड़ी रकम जमा कराई. जबकि तीन-चार महीनों के बाद किस्तों का भुगतान बंद हो गया. इससे फाइनेंस कंपनियों का दबाव ग्राहकों पर बढ़ गया है.
सोमवार को विभिन्न प्रखंडों से आए दर्जनों ग्राहक बलखंजो स्थित संगठन के कार्यालय पहुंचे, लेकिन वहां का शटर बंद मिला. कार्यालय बंद देखकर मौके पर जमा लोग चिंतित व नाराज़ हो उठे और उन्होंने गंभीर आरोप लगाए. कई ग्राहकों ने अपनी-अपनी आपबीती साझा की और प्रशासन से जांच व न्याय की मांग की.
ग्राहकों ने बताया कि संगठन ने वाहन खरीदने के लिए अग्रिम रूप से बड़ी राशि जमा करवाई और आश्वासन दिया कि मासिक किस्तें संगठन की ओर से भेजी जाएंगी. कुछ महीनों तक भुगतान हुआ भी, लेकिन बाद में किस्तें रुक गईं. कुछ ग्राहक की 6 महीने, किसी की 10 महीने और कुछ की 15 महीने तक की किस्तें बकाया हैं. बकाया किश्तों के कारण फाइनेंस कंपनियों के प्रतिनिधि लगातार दबाव बना रहे हैं, जिससे घरों की आर्थिक स्थिति बिगड़ रही है.
एक महिला ने कहा कि उसने कर्ज लेकर संगठन में पैसे जमा किए थे. शुरुआती दिनां में कुछ किस्तें मिलीं, पर पिछले 4-5 महीनों से कोई भुगतान नहीं हो रहा. फाइनेंस कंपनी के प्रतिनिधियों का दबाव उसके परिवार पर भारी पड़ रहा है.
वहीं एक अन्य ग्राहक ने बताया कि, उसने अपनी बेटी की पढ़ाई के लिए करीब डेढ़ लाख रुपये संगठन में जमा किए थे. हर माह चार हजार रुपये शैक्षिक सहायता का वादा किया गया था, जो अब तक नहीं मिला.
प्रभावित लोगों ने कहा कि जब भी वे एजेंटों और पदाधिकारियों से संपर्क करते थे, उन्हें आश्वस्त किया जाता था कि बकाया राशि जल्द भर दी जाएगी, पर समय बीतने के बावजूद कोई समाधान नहीं निकला.
मामले में संगठन के प्रतिनिधियों से संपर्क करने की कोशिश की गई पर उनका मोबाइल फोन बंद मिला और कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई. प्रभावित ग्राहकों ने प्रशासन से शीघ्र जांच और उनके जमा किए गए धन तथा बकाया किस्तों को सुनिश्चित कर सुरक्षित करने की मांग की है.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें


Leave a Comment