Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

कृषि निर्यात को बढ़ावा देने को मजबूत एक्सपोर्ट इकोसिस्टम विकसित करेगी सरकार: शिल्पी नेहा तिर्की

झारखंड सरकार राज्य को कृषि एवं बागवानी उत्पादों के निर्यात के क्षेत्र में नई पहचान दिलाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है. कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि राज्य सरकार झारखंड में कृषि निर्यात को बढ़ावा देने के लिए मजबूत और टिकाऊ एक्सपोर्ट इकोसिस्टम विकसित करेगी, ताकि किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य मिले और राज्य के कृषि उत्पाद वैश्विक बाजार में अपनी मजबूत पहचान बना सकें.
Advertisement
Advertisement

Ranchi: झारखंड सरकार राज्य को कृषि एवं बागवानी उत्पादों के निर्यात के क्षेत्र में नई पहचान दिलाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है. कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि राज्य सरकार झारखंड में कृषि निर्यात को बढ़ावा देने के लिए मजबूत और टिकाऊ एक्सपोर्ट इकोसिस्टम विकसित करेगी, ताकि किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य मिले और राज्य के कृषि उत्पाद वैश्विक बाजार में अपनी मजबूत पहचान बना सकें.


शुक्रवार को मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की से कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (APEDA) के प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार मुलाकात की. बैठक में झारखंड से कृषि एवं बागवानी उत्पादों के वर्तमान निर्यात, उपलब्धियों और भविष्य की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा हुई. प्रतिनिधिमंडल ने राज्य सरकार द्वारा दिए जा रहे सहयोग की सराहना करते हुए निर्यात को और गति देने के लिए कई सुझाव भी दिए.


अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच रहे झारखंड के उत्पाद

बैठक में जानकारी दी गई कि वर्ष 2025 में पूर्वी सिंहभूम और पाकुड़ जिले से आम (मैंगो) का निर्यात सऊदी अरब के लुलु हाइपरमार्केट्स में प्रचारात्मक अभियान के तहत किया गया था. वहीं 2026 में पूर्वी सिंहभूम, लोहरदगा, सिमडेगा, गुमला और देवघर के आम लंदन और दुबई सहित कई अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक सफलतापूर्वक पहुंचे.


इसके अलावा झारखंड से लॉन्ग बीन्स, अरबी (कोलोकैसिया), भिंडी और जिमीकंद जैसे कृषि उत्पादों का निर्यात दुबई, कतर, मलेशिया और सिंगापुर जैसे देशों में किया जा रहा है. वहीं राज्य का गैर-बासमती चावल लगातार रूस, बेनिन, आइवरी कोस्ट और टोगो सहित कई देशों में निर्यात हो रहा है.


किसानों से वैश्विक बाजार तक बने मजबूत सप्लाई चेन

मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि झारखंड को कृषि निर्यात के क्षेत्र में अग्रणी बनाने के लिए किसानों से लेकर अंतरराष्ट्रीय बाजार तक एक मजबूत और टिकाऊ एक्सपोर्ट सप्लाई चेन विकसित करना जरूरी है. उन्होंने कहा कि उत्पादों के उत्पादन, संग्रहण, प्रसंस्करण, गुणवत्ता परीक्षण, पैकेजिंग और निर्यात की पूरी व्यवस्था को वैज्ञानिक और व्यवस्थित बनाया जाएगा.


एफपीओ और निर्यातकों के बीच बनेगा समन्वय

मंत्री ने कहा कि किसानों, किसान उत्पादक संगठनों (एफपीओ), निर्यातकों, एपीडा और संबंधित सरकारी विभागों के बीच बेहतर कन्वर्जेंस मॉडल विकसित किया जाएगा. इससे कृषि उत्पादों की गुणवत्ता में सुधार होगा और अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप निर्यात को बढ़ावा मिलेगा.


राज्य स्तरीय हितधारक बैठक जल्द

मंत्री ने घोषणा की कि उनके नेतृत्व में जल्द ही राज्य स्तरीय हितधारक बैठक आयोजित की जाएगी. इसमें एपीडा, विभिन्न विभागों, एफपीओ, निर्यातकों और अन्य संबंधित संस्थाओं को आमंत्रित किया जाएगा. राज्य सरकार किसानों और निर्यातकों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर झारखंड को कृषि निर्यात के क्षेत्र में अग्रणी राज्यों की श्रेणी में लाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है.


बैठक में एपीडा की ओर से सहायक महाप्रबंधक अंजलि नेहा लकड़ा, क्षेत्रीय प्रमुख (कोलकाता) सीताकांत मंडल और झारखंड के निर्यातक अब्दुल हमीद खान (ऑल सीज़न्स फार्म फ्रेश) भी मौजूद रहे. प्रतिनिधियों ने राज्य में कृषि निर्यात की संभावनाओं और आवश्यक सुधारों पर अपने सुझाव साझा किए.

Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.

Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही