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Hazaribagh: योजनाओं का मूल्यांकन कागजों पर नहीं, लाभुकों के जीवन में आए बदलाव से होता: कृषि मंत्री

Hazaribagh News: मंत्री ने योजनाओं से जुड़े लाभुकों से सीधे संवाद किया और योजनाओं से मिल रहे लाभ, उनके अनुभव, सामने आ रही चुनौतियों तथा रोजगार एवं आय बढ़ाने की संभावनाओं की जानकारी ली. उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता केवल योजनाएं शुरू करना नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना है कि उनका लाभ वास्तविक रूप से किसानों, युवाओं और ग्रामीण परिवारों तक पहुंचे.
 
लाभुकों से मिली कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की

Hazaribagh News: झारखंड की कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की अपने विभाग की योजनाओं की वास्तविक सफलता की जानकारी लेने और उसका लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचने के बाद लाभुकों के जीवन में सकारात्मक बदलाव की तस्वीर जानने के लिए हजारीबाग जिले के नगवा एवं चुरचू गांव पहुंचीं.

 

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इस दौरान मंत्री ने योजनाओं से जुड़े लाभुकों से सीधे संवाद किया और योजनाओं से मिल रहे लाभ, उनके अनुभव, सामने आ रही चुनौतियों तथा रोजगार एवं आय बढ़ाने की संभावनाओं की जानकारी ली. उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता केवल योजनाएं शुरू करना नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना है कि उनका लाभ वास्तविक रूप से किसानों, युवाओं और ग्रामीण परिवारों तक पहुंचे.

बायोफ्लॉक योजना से रोजगार के नये अवसर

निरीक्षण के दौरान बायोफ्लॉक योजना के लाभुकों से बातचीत करते हुए मंत्री ने कहा कि मत्स्य पालन आज ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने का प्रभावी माध्यम बन सकता है.

 

25 बायोफ्लॉक टैंक की एक इकाई की लागत लगभग 25 लाख रुपये है, जिस पर सरकार द्वारा 60 प्रतिशत तक अनुदान का प्रावधान है. इस योजना से जुड़कर युवा मत्स्य पालन को व्यवसाय के रूप में अपना रहे हैं और अपने गांव में ही रोजगार एवं आय के नए अवसर तैयार कर रहे हैं.

हर सीप में संभावना, हर मोती में समृद्धि

हजारीबाग में विकसित हो रहा पर्ल क्लस्टर झारखंड में मत्स्य क्षेत्र के विविधीकरण और ग्रामीण आय बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है. मोती की खेती के माध्यम से किसान पारंपरिक कृषि एवं मत्स्य गतिविधियों के साथ अपनी आय के अतिरिक्त स्रोत विकसित कर रहे हैं. सरकार द्वारा प्रति यूनिट 16,000 रूपए की सहायता उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे किसानों को मोती की खेती जैसे नए और संभावनाशील क्षेत्र से जुड़ने में प्रोत्साहन मिल रहा है.

 

मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि “हमारा लक्ष्य केवल योजनाओं का विस्तार करना नहीं, बल्कि किसानों की आय बढ़ाना और ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के स्थायी अवसर तैयार करना है. हजारीबाग को मोती की खेती के क्षेत्र में झारखंड का आदर्श जिला बनाने की दिशा में हम ठोस पहल करेंगे.”

 

मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया कि योजनाओं के क्रियान्वयन की नियमित रूप से जमीनी समीक्षा की जाए तथा लाभुकों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित किया जाए.

 

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