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जामताड़ा DC ने सरकार से DDC सहित तीन के खिलाफ कठोर कार्रवाई की अनुशंसा की

जामताड़ा डीसी ने पंचायती राज सचिव को पत्र लिखकर उप-विकास आयुक्त निरंजन कुमार सहित तीन के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की अनुशंसा की है. उपायुक्त ने जिन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की अनुशंसा की है, उसमें उप-विकास आयुक्त के अलावा दीपक कुमार वर्मा और सुबोध चंद्र टुडू का नाम शामिल है.
 

Ranchi :  जामताड़ा डीसी ने पंचायती राज सचिव को पत्र लिखकर उप-विकास आयुक्त निरंजन कुमार सहित तीन के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की अनुशंसा की है. उपायुक्त ने जिन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की अनुशंसा की है, उसमें उप-विकास आयुक्त के अलावा दीपक कुमार वर्मा और सुबोध चंद्र टुडू का नाम शामिल है. गड़बड़ी का यह मामला जामताड़ा जिला परिषद में मकर संक्रांति के अवसर पर सैरात बंदोबस्ती से संबंधित है.

 

जिला परिषद अध्यक्ष राधारानी सोरेन वर्ष 2024 से इस गड़बड़ी मामले में निरंजन कुमार सहित अन्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने की कोशिश कर रही हैं. हालांकि उन्हें इस मामले में सफलता नहीं मिली. दूसरी तरफ गड़बड़ी में शामिल उप विकास आयुक्त निरंजन कुमार ने सैरात बंदोबस्ती के लिए निर्धारित रकम जमा नहीं करने के आरोप में इलियास अंसारी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करायी है.

 

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उल्लेखनीय है कि वर्ष 2024 में मकर संक्रांति के अवसर पर करमदाहा मेला के लिए नारायणपुर सैराय की बंदोबस्ती की गयी थी. इसके लिए 95.01 लाख रुपये की बोली लगायी गयी थी. सबसे ज्यादा बोली इलियास अंसारी ने लगायी थी. नियमानुसार, एकरारनामा के समय ठेकेदार द्वारा यह राशि जमा करायी जानी थी. लेकिन सुनियोजित साजिश के तहत बिना रकम जमा कराये ही ठेकेदार के साथ एकरारनामा कर लिया गया. 

 

ठेकेदार ने बाद में दिसंबर 2024 से जुलाई 2025 तक की अवधि में चार चेक के सहारे कुल 46.31 लाख रुपये की राशि जमा की. उप-विकास आयुक्त निरंजन कुमार जिला परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी के रूप में भी कार्यरत थे. लेकिन उन्होंने ठेकेदार के साथ बगैर पैसा जमा किये ही एकरारनामा करने के मुद्दे पर पर्दा डाल रखा था. जिला परिषद अध्यक्ष को इस गड़बड़ी की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने सभी स्तर से रिपोर्ट मांगी. 

 

इसके बाद उप-विकास आयुक्त सहित अन्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने की कोशिश करती रहीं. हालांकि उन्हें सफलता नहीं मिल पाई.  जिला परिषद में हुई इस गड़बड़ी के मुद्दे पर हंगामा होने के बाद उप-विकास आयुक्त ने ठेकेदार इलियास अंसारी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया. अब उपायुक्त ने पंचायती राज सचिव को पत्र लिखकर उप-विकास आयुक्त के अलावा दीपक कुमार वर्मा और सुबोध चंद्र टुडू का खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की अनुशंसा की है.

 

 

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