Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

Jamtara News : जामताड़ा-आसनसोल रेलखंड पर हादसे का खतरा, टूटे स्लीपरों के सहारे दौड़ रहीं ट्रेनें

क्षतिग्रस्त स्लीपरों के कारण रेलवे ट्रैक की मजबूती प्रभावित हो रही है. भारी ट्रेनों के गुजरने के दौरान पटरियों पर अत्यधिक दबाव पड़ता है, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है.
Advertisement
Advertisement
रेलवे ट्रैक पर टूटे स्लीपर.

कानगोई के पास दर्जनों स्लीपर क्षतिग्रस्त


Jamtara : जामताड़ा-आसनसोल रेलखंड पर रेलवे की कथित लापरवाही बड़े हादसों को न्योता दे रही है. मिहिजाम में कानगोई के समीप रेल लाइन पर पोल संख्या 235/30 के पास ट्रैक की हालत बेहद चिंताजनक है. यहां पटरियों को मजबूती प्रदान करने वाले एक दर्जन से अधिक कंक्रीट स्लीपर टूट चुके हैं. इसी ट्रैक से प्रतिदिन एक्सप्रेस, सुपरफास्ट व मालगाड़ियों का आवागमन जारी है.

 

स्थानीय लोगों के अनुसार, क्षतिग्रस्त स्लीपरों के कारण रेलवे ट्रैक की मजबूती प्रभावित हो रही है. भारी ट्रेनों के गुजरने के दौरान पटरियों पर अत्यधिक दबाव पड़ता है, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है. लोगों का कहना है कि ट्रैक की मौजूदा स्थिति को देखते हुए तत्काल मरम्मत कार्य की आवश्यकता है.

 

पोल संख्या 235/30 के पास भयावह स्थिति

 

कानगोई इलाके में रेलवे लाइन के नीचे लगे कई कंक्रीट स्लीपर पूरी तरह टूट चुके हैं. ये स्लीपर पटरियों को स्थिर और सुरक्षित बनाए रखने में अहम भूमिका निभाते हैं. लेकिन मौजूदा हालत में कई स्लीपर अपनी उपयोगिता खो चुके हैं, जिससे ट्रैक की सुरक्षा पर सवाल खड़े हो रहे हैं.


व्यस्त रेलखंड पर बढ़ा खतरा


जामताड़ा-आसनसोल रेलखंड व्यस्त मार्गों में गिना जाता है. इस रूट से दिन-रात यात्री ट्रेनें, सुपरफास्ट एक्सप्रेस व मालगाड़ियां गुजरती हैं. ऐसे में क्षतिग्रस्त स्लीपरों के बीच ट्रेनों का संचालन यात्रियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा रहा है.

 

स्थानीय लोगों ने उठाई कार्रवाई की मांग

 

स्थानीय लोगों व रेल यात्रियों ने रेल प्रशासन से अविलंब क्षतिग्रस्त स्लीपरों को बदलने की मांग की है. उनका कहना है कि समय रहते मरम्मत नहीं की गई, तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता है.

 


Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही