Ranchi: झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने राज्य सरकार के समक्ष पुलिसकर्मियों की विभिन्न लंबित मांगों को लेकर आवाज बुलंद की है. एसोसिएशन के प्रदेश संयुक्त सचिव राकेश कुमार पाण्डेय ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर पुलिस कर्मियों और पदाधिकारियों के भत्तों में वृद्धि, प्रमोशन में हो रही देरी और विभिन्न विसंगतियों को दूर करने की मांग की है.
पत्र में कहा गया है कि झारखंड पुलिस के जवान और अधिकारी कठिन परिस्थितियों, जंगल-पहाड़ और तनावपूर्ण माहौल में 24 घंटे ड्यूटी कर राज्य की कानून-व्यवस्था संभालते हैं. इसके बावजूद कई भत्ते आज भी बेहद कम दर पर मिल रहे हैं, जबकि कई सुविधाएं अब तक लागू ही नहीं की गई हैं.
एसोसिएशन ने वर्दी भत्ता बढ़ाकर 12 हजार प्रतिवर्ष करने की मांग की है. वर्तमान में आरक्षी और हवलदार को 4 हजार और सब इंस्पेक्टर से इंस्पेक्टर स्तर तक 4500 प्रतिवर्ष मिलता है. पत्र में कहा गया है कि इतनी राशि में वर्दी, जूते, बेल्ट, टोपी और अन्य आवश्यक सामग्री खरीदना संभव नहीं है.
इसके अलावा राशन भत्ता 2 हजार से बढ़ाकर 5 हजार प्रति माह, धुलाई भत्ता 100 से बढ़ाकर 1 हजार प्रति माह और विशेष कर्तव्य भत्ता सभी स्तर के पुलिसकर्मियों के लिए 1 हजार प्रतिमाह करने की मांग रखी गई है.
झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने तकनीकी भत्ता, आरमोरर भत्ता, प्रशिक्षण भत्ता और मेडल भत्ता लागू करने की भी मांग की है. पत्र में कहा गया है कि उत्कृष्ट सेवा और वीरता पुरस्कार प्राप्त पुलिसकर्मियों को सम्मानस्वरूप मेडल भत्ता दिया जाना चाहिए.
एसोसिएशन ने पुलिसकर्मियों के बच्चों के लिए शिक्षण भत्ता लागू करने, आईआरबी बटालियन कर्मियों की सेवा अवधि 60 वर्ष तक बढ़ाने और विशेष शाखा में कार्यरत 18 बैच के पुलिस अवर निरीक्षकों की क्लोज कैडर समस्या का समाधान करने की भी मांग की है.
सबसे गंभीर मुद्दा प्रमोशन को लेकर उठाया गया है. पत्र में कहा गया है कि कई पुलिसकर्मी 20 से 25 वर्षों तक एक ही पद पर कार्यरत रहते हैं और समय पर पदोन्नति नहीं मिलने से उनमें निराशा बढ़ रही है. एसोसिएशन ने सरकार से जल्द रोस्टर प्रक्रिया पूरी कर सभी स्तर के पुलिसकर्मियों को प्रमोशन का लाभ देने की मांग की है.
झारखंड पुलिस एसोसिएशन के पदाधिकारी ने कहा कि इन मांगों को लेकर पिछले करीब छह वर्षों से सरकार और संबंधित विभागों को लगातार पत्राचार किया जा रहा है, लेकिन अब तक ठोस निर्णय नहीं लिया गया है. एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री से पुलिस बल के मनोबल और कल्याण को ध्यान में रखते हुए जल्द वित्तीय स्वीकृति प्रदान करने का आग्रह किया है.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.


Leave a Comment