Ramgarh News: एपेक्स पब्लिक स्कूल मारंगमारचा में सोमवार को पारंपरिक श्रद्धा एवं उल्लास के साथ करमा पूजा महोत्सव का आयोजन किया गया. जिसका उद्देश्य विद्यार्थियों को झारखंड की समृद्ध लोक-संस्कृति, प्रकृति संरक्षण तथा सामाजिक एकता के महत्व से परिचित कराना रहा.
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करमा पूजा के लिए विद्यालय परिसर में करम वृक्ष की डाली को विधिवत स्थापित किया गया तथा उसे काशी फूल से आकर्षक ढंग से सजाया गया. इसके बाद विद्यालय की छात्राओं ने पारंपरिक रूप से जावा लेकर करम डाल के समीप पहुंचकर नृत्य किया और पूजा-अर्चना की.
वहीं छात्राओं ने सामूहिक रूप से करमा गीत गाकर करम देवता का आह्वान किया तथा पूरे वातावरण को पारंपरिक एवं भक्तिमय बना दिया. इस अवसर पर विद्यालय की शिक्षिका सोनी कुमारी ने करमा पूजा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि करमा पर्व प्रकृति के प्रति सम्मान और उसके संरक्षण का संदेश देता है.
उन्होंने बताया कि अच्छी कृषि एवं समृद्ध फसल की कामना के लिए करम देवता की पूजा की जाती है. यह पर्व अनेक क्षेत्रों में भाई-बहन के स्नेह, सुख-समृद्धि और पारिवारिक मंगलकामना से भी जुड़ा हुआ है. उन्होंने कहा कि करमा पर्व के अवसर पर बहनें व्रत रखकर अपने भाइयों की मंगलकामना करती हैं.
वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में लोग ढोल-मांदर की थाप पर सामूहिक रूप से करमा गीत गाकर उत्सव मनाते हैं. यह परंपरा समाज में सामुदायिक एकता, भाईचारे और सांस्कृतिक सौहार्द को मजबूत करने का संदेश देती है.
विद्यालय में आयोजित करमा पूजा महोत्सव ने विद्यार्थियों को अपनी लोक-संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने के साथ-साथ प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का भाव भी जागृत किया. कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि करमा पर्व केवल पूजा और उत्सव का अवसर नहीं, बल्कि प्रकृति के सम्मान, अच्छी फसल की कामना, भाई-बहन के प्रेम तथा सामाजिक एकता का महत्वपूर्ण पर्व है.
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