Latehar : श्रम अधीक्षक दिनेश कुमार भगत के नेतृत्व में बुधवार को जिले के मनिका प्रखंड क्षेत्र में बाल श्रमिक अधिनियम 1986 के तहत अभियान चलाया गया. इस दौरान शहर के अश्विनी अमृततुल्य से एक बाल श्रमिक को विमुक्त कराया गया.
नियोजक पर मुकदमा दायर करते हुए अग्रेतर कार्रवाई की जा रही है. यह कार्रवाई राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग (भारत सरकार) के विभागीय आदेश और उपायुक्त संदीप कुमार के निर्देश पर की गयी.
निरीक्षण के दौरान श्रम अधीक्षक दिनेश भगत ने कहा कि किसी भी प्रतिष्ठान में बाल श्रमिक अधिनियम का उल्लंघन पाये जाने पर कार्रवाई की जायेगी. उन्होने कहा कि 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों से काम कराना कानूनन अपराध है. उन्होने दुकानदारों को अपने प्रतिष्ठानों में नाबालिगों को नियोजन में नहीं रखने व इसकी घोषणा प्रतिष्ठान में प्रदर्शित करने का निर्देश दिया.
निरीक्षण में श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी प्रिया कुमारी, जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी रीना कुमारी, बाल कल्याण समिति सदस्य डा आरती, श्रम कार्यालय के रंजीत कुमार, विजय सिंह वेदिक सोसायटी के प्रेम प्रकाश व चाइल्ड लाइन के जयमंगल पासवान आदि मौजूद थे.
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