Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

राजनीति नहीं, अधिकार चाहिए: झारखंड कांग्रेस ने महिला आरक्षण विधेयक को बताया केंद्र का 'चुनावी स्टंट'

झारखण्ड प्रदेश कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने रविवार को रांची स्थित कांग्रेस भवन में प्रेसवार्ता कर केंद्र सरकार पर महिला आरक्षण के मुद्दे पर राजनीति करने का आरोप लगाया. प्रेसवार्ता में कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव, ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पाण्डेय सिंह और प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष रमा खलखो भी मौजूद रही.
Advertisement
Advertisement

Ranchi: झारखण्ड प्रदेश कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने रविवार को रांची स्थित कांग्रेस भवन में प्रेसवार्ता कर केंद्र सरकार पर महिला आरक्षण के मुद्दे पर राजनीति करने का आरोप लगाया. प्रेसवार्ता में कांग्रेस विधायक दल के नेता प्रदीप यादव, ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पाण्डेय सिंह और प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष रमा खलखो भी मौजूद रही.


केशव महतो कमलेश ने कहा कि केंद्र सरकार महिला आरक्षण के नाम पर 2011 की जनगणना के आधार पर परिसीमन करना चाहती थी. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार का उद्देश्य महिलाओं को आरक्षण देना नहीं बल्कि राजनीतिक लाभ हासिल करना था. उन्होंने कहा कि अगर सरकार गंभीर है तो 2023 में पारित महिला आरक्षण विधेयक को तुरंत लागू करे और 2029 के चुनाव में 543 सीटों में 33 प्रतिशत आरक्षण दे.

 

उन्होंने प्रधानमंत्री के राष्ट्र के नाम संबोधन को चुनावी भाषण बताते हुए कहा कि देश के युवाओं, किसानों और मध्यम वर्ग की समस्याओं का समाधान केवल भाषणों से नहीं होगा. उन्होंने कांग्रेस के इतिहास का जिक्र करते हुए कहा कि पार्टी ने हमेशा महिलाओं को नेतृत्व में आगे बढ़ाया है.

 

प्रदीप यादव ने कहा कि 2023 में सर्वसम्मति से महिला आरक्षण विधेयक पारित हो चुका था, फिर नए विधेयक की जरूरत क्यों पड़ी. उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने जल्दबाजी में यह कदम राजनीतिक कारणों से उठाया और इससे विभिन्न वर्गों के अधिकारों पर असर पड़ सकता है.

 

दीपिका पाण्डेय सिंह ने कहा कि महिला विधेयक की आड़ में केंद्र सरकार की राजनीति उजागर हो चुकी है. उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा महिलाओं को वास्तविक आरक्षण देने की नहीं है और विपक्ष ने इसे बेनकाब कर दिया है.

 

रमा खलखो ने कहा कि इस मुद्दे को लेकर राज्यभर में महिला कांग्रेस अभियान चलाएगी और हर जिले में कार्यक्रम आयोजित कर केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध किया जाएगा.

 

कांग्रेस नेताओं ने मांग की कि वर्तमान 543 सीटों पर ही 33 प्रतिशत महिला आरक्षण लागू किया जाए और इसे जनगणना व परिसीमन से न जोड़ा जाए. साथ ही ओबीसी वर्ग की महिलाओं को भी उचित प्रतिनिधित्व देने की मांग की गई. प्रेसवार्ता में मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा, मीडिया चेयरमैन सतीश पॉल मुंजनी, कार्यालय प्रभारी अभिलाष साहू और सह कार्यालय प्रभारी राजन वर्मा मौजूद थे.

 

 

Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें

 

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही