Bokaro News: सुंदरम स्टील प्लांट के विस्तारीकरण को लेकर गुरुवार को जियाडा, बोकारो कार्यालय परिसर में पर्यावरणीय जनसुनवाई का आयोजन किया गया है. जनसुनवाई में पर्यावरण विभाग के पदाधिकारी सहित अन्य उपस्थित थे. इस दौरान अधिकांश स्थानीय ग्राम पंचायत के पदाधिकारियों व ग्रामीणों ने सुंदरम स्टील प्राइवेट लिमिटेड के विस्तारीकरण का जोरदार विरोध किया.
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अनु प्रसाद महतो ने इस कंपनी केंद्रीय पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड के ग्रीन बुक का हवाला देते हुए कंपनी को आड़े हाथों लिया. कहा कि बुक के पृष्ठ संख्या 356 में स्पोंज आईरन इंडस्ट्री के लिए 10 नंबर कॉलम में क्रमशः (क (ख) (ग) में सामान्य दिशानिर्देश तथा 11नंबर कॉलम में (क) (ख) (ग) (घ) (च) के द्वारा स्पंज आयरन संयंत्र स्थापित करने के लिए स्थान निर्धारण करने हेतु विशेष प्रावधान बनाया गया है. जिसका अनुपालन यहां नहीं किया गया है.
इस उद्योग को पॉल्यूशन मंजूरी कानूनी आधारों को अनदेखी करके दिया गया है. कहा कि किसी भी आयरन और स्पंज इंडस्ट्रीज के लिए इन सभी प्रावधानों का अक्षरस: पालन होना अत्यंत आवश्यक होता है.
स्पंज आयरन कंपनी के बाउंड्री से सटे बारुडीह आदि बस्ती के लोगों ने भी कंपनी के खिलाफ विरोध के स्वर को मजबूती देते हुए, कंपनी को पर्यावरण नियमों की अनदेखी और सीएसआर के नाम सुविधा उपलब्ध नहीं कराए जाने की बात कही.
वहीं, गोडाबाली दक्षिणी पंचायत के पूर्व मुखिया सह वर्तमान मुखिया प्रतिनिधि गणेश ठाकुर ने कहा कि जब कोई कंपनी लगती है तो आसपास के लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद रहती है. बियाडा क्षेत्र की अधिकांश कंपनियों द्वारा स्थानीय युवाओं को रोजगार से नहीं जोड़ना बेहद दुखदाई है.
वहीं, नरकरा मुखिया बबीता कुमारी ने कहा कि कंपनी के प्रतिनिधि ने हमारे क्षेत्र में सीएसआर का काम किए बिना घर-घर जाकर हस्ताक्षर कराया था. हस्ताक्षर नहीं करने पर सीएसआर के तहत पंचायत में जल्द काम करने का भरोसा दिलाया था, जिसकी आज तक पहल नहीं की गई.
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