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Palamu News : पलामू में पुलिसिंग सुधार की पहल, अब कानून-व्यवस्था और अनुसंधान की जिम्मेदारी अलग-अलग

Palamu News: एसपी कपिल चौधरी ने स्पष्ट किया कि BNSS, 2023 का उद्देश्य त्वरित न्याय, पारदर्शी अनुसंधान और आम नागरिकों को बेहतर न्याय उपलब्ध कराना है. इसके लिए सभी अनुसंधानकर्ताओं को नए कानून का गहन अध्ययन करने और उसके प्रावधानों का अक्षरशः पालन करने का निर्देश दिया.
 
कार्यशाला में भाग लेते एसपी व अन्य पुलिस अधिकारी.
  • एसपी कपिल चौधरी ने शुरू की नई व्यवस्था

Medininagar News : पलामू के एसपी कपिल चौधरी ने जिले में आपराधिक मामलों के अनुसंधान को अधिक प्रभावी बनाने के लिए बड़ी पहल की है. उनके निर्देश पर जिले में कानून-व्यवस्था और आपराधिक कांडों के अनुसंधान की जिम्मेदारी अलग-अलग की गई है. फिलहाल इस व्यवस्था को प्रयोग के तौर पर लागू किया गया है. इसका उद्देश्य अनुसंधानकर्ताओं को अतिरिक्त ड्यूटी के दबाव से मुक्त कर मामलों की जांच पर अधिक ध्यान केंद्रित करने का अवसर देना है.

 

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इसी कड़ी में मेदिनीनगर के गांधी स्मृति टाउन हॉल में गुरुवार को अनुसंधान के लिए चयनित पुलिस पदाधिकारियों के लिए प्रशिक्षण और ओरिएंटेशन कार्यशाला हुई. एसपी की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यशाला में जिले के सभी एसडीपीओ, इंसपेक्टर, थाना प्रभारी और अनुसंधानकर्ता शामिल हुए.


कांडों के वैज्ञानिक अनुसंधान पर जोर

कार्यशाला में BNSS 2023 के प्रावधानों के अनुरूप प्राथमिकी दर्ज करने, गिरफ्तारी, तलाशी-जप्ती, साक्ष्य संकलन और आरोप-पत्र दाखिल करने की प्रक्रिया पर विस्तार से जानकारी दी गई. इसके साथ ही ई-साक्ष्य, अपराध स्थल की वीडियोग्राफी और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के संरक्षण एवं न्यायालय में प्रस्तुत करने के तरीकों को भी समझाया गया.
एसपी कपिल चौधरी ने लंबित कांडों के त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निष्पादन पर विशेष जोर दिया. थाना प्रभारियों और अनुसंधानकर्ताओं को निर्देश दिया कि प्रत्येक मामले में साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष जांच करें और निर्धारित समयसीमा के भीतर अनुसंधान पूरा कर आरोप-पत्र दाखिल करें.


अनुसंधानकर्ताओं को मिलेगी विशेषज्ञता, न्याय प्रक्रिया होगी मजबूत

कानून-व्यवस्था और अनुसंधान को अलग करने से जांच में लगे पुलिस अधिकारियों को वीआईपी सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण, यातायात व्यवस्था और नियमित गश्त जैसी जिम्मेदारियों से राहत मिल सकेगी. इससे वे फॉरेंसिक विज्ञान, साइबर अपराध, तकनीकी साक्ष्य और कानूनी प्रक्रियाओं पर अधिक ध्यान दे सकेंगे.


एसपी कपिल चौधरी ने स्पष्ट किया कि BNSS, 2023 का उद्देश्य त्वरित न्याय, पारदर्शी अनुसंधान और आम नागरिकों को बेहतर न्याय उपलब्ध कराना है. इसके लिए सभी अनुसंधानकर्ताओं को नए कानून का गहन अध्ययन करने और उसके प्रावधानों का अक्षरशः पालन करने का निर्देश दिया.

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