Ranchi: बोकारो जिला पुलिस में सेवानिवृत्त दारोगा के वेतन के नाम पर 20 माह में 3.15 करोड़ की फर्जी निकासी के मामले में वहां के एकाउंटेंट को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है. इस मामले को लेकर झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने डीजीपी को पत्र लिख कर अनुरोध किया है कि सभी जिलों के डीडीओ को विपत्रों की निकासी के लिए जरुरी दिशा-निर्देश दिये जाये.
एसोसिएशन के अध्यक्ष राहुल कुमार मुर्मू ने पत्र में कहा है कि जिलों, ईकाई व वाहिनी के डीडीओ पुलिस हस्तक नियम के प्रावधानों का उल्लंघन करते हैं. एसोसिएशन के एक पदाधिकारी के मुताबिक, जांच में अन्य जिलों, इकाईयों या वाहनियों में भी गड़बड़ी उजागर हो सकते हैं.
आपको बता दें कि इस संबंध में कोषागार पदाधिकारी गुलाब चंद्र उरांव के आवेदन पर बीएस सिटी थाना कांड संख्या 62/2026, दिनांक 07.04.2026 दर्ज किया गया है. मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 316(2), 316(5), 318(2) एवं 61(2) के तहत कौशल कुमार पांडेय एवं अन्य के विरुद्ध केस दर्ज किया गया है। कांड का अनुसंधान नगर पुलिस उपाधीक्षक आलोक रंजन करेंगे.
जांच में पाया गया कि उपेंद्र सिंह, पुलिस उपनिरीक्षक के वेतन मद से वित्तीय वर्ष 2024-25 के मई 2024 से मार्च 2026 तक बड़ी राशि की निकासी की गई. संबंधित खाता संख्या 42945898462 भारतीय स्टेट बैंक, चास कोर्ट एरिया में संचालित पाया गया, जो अनु पांडेय के नाम पर है. बैंक विवरणी के अवलोकन में सामने आया कि खाते से निकाली गई अधिकांश राशि कौशल कुमार पांडेय के खाते में स्थानांतरित की गई. बताया गया कि कौशल कुमार पांडेय पुलिस अधीक्षक कार्यालय, बोकारो में एकाउंटेंट के पद पर कार्यरत है. प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई गई है कि आपराधिक षड्यंत्र के तहत सरकारी राशि का गबन किया गया है.
पुलिस ने मामले में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. संबंधित बैंक खातों के लेन-देन की विस्तृत जांच की जा रही है और अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका भी खंगाली जा रही है.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.


Leave a Comment