Dhanbad News: झरिया थाना क्षेत्र के जलागार से महज 100 मीटर की दूरी पर दर्जनों आवासों में दरारें पड़ने और भू-धंसान की घटना के बाद स्थानीय लोगों का आक्रोश बढ़ गया है. रविवार को सांसद प्रतिनिधि अनूप साव के नेतृत्व में लोगों ने बीसीसीएल क्षेत्र संख्या-9 के महाप्रबंधक एसके गायकवाड़ का पुतला दहन कर विरोध जताया.
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इस दौरान अनूप साव ने आरोप लगाया कि राजापुर परियोजना में हो रही हेवी ब्लास्टिंग के कारण आसपास के घरों में दरारें पड़ी हैं और भू-धंसान की स्थिति उत्पन्न हुई है. उन्होंने कहा कि यदि यही दरार जलागार तक पहुंच जाती तो झरिया की हजारों की आबादी की जलापूर्ति प्रभावित हो सकती थी. उन्होंने इसके लिए राजापुर परियोजना प्रबंधन को जिम्मेदार ठहराते हुए परियोजना को तत्काल बंद करने की मांग की.
अनूप साव ने राजापुर परियोजना में ओवरबर्डन डंपिंग के नाम पर करोड़ों रुपये के घोटाले का भी आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि एजेंट और जीएम की कथित मिलीभगत से फर्जी बिल के जरिए राशि के गबन की आशंका है.उन्होंने कहा कि इस मामले की शिकायत सांसद से की जाएगी और कोल इंडिया मुख्यालय से पूरे मामले की जांच कराने की मांग की जाएगी.सांसद फिलहाल केंद्रीय ऊर्जा समिति की बैठक में शामिल होने के लिए तमिलनाडु के मदुरै में हैं.
उन्होंने कहा कि महापौर ने भी राजापुर परियोजना को बंद करने की बात कही है. अब उन्हें अपने निर्णय को धरातल पर लागू कर दिखाना चाहिए. अनूप साव ने स्पष्ट किया कि यह किसी राजनीतिक दल का मंच नहीं है. जल्द ही झरिया में सभी प्रभावित लोगों की गैर-राजनीतिक बैठक बुलाकर आगे की रणनीति तय की जाएगी.
वहीं सांसद प्रतिनिधि खनन विभाग झरिया विधानसभा के गफ्फार अंसारी ने आरोप लगाया कि पूर्व में अंडरग्राउंड माइनिंग के दौरान बालू फिलिंग में कथित गड़बड़ी के कारण झरिया के विभिन्न इलाकों में भू-धंसान की समस्या बढ़ी है. उन्होंने कहा कि अप्रैल में किड्स गार्डन के पास भी इसी तरह की घटना सामने आई थी. गफ्फार अंसारी ने प्रशासन और बीसीसीएल प्रबंधन से प्रभावित क्षेत्रों का तत्काल निरीक्षण कर सुरक्षा के ठोस उपाय करने की मांग की है.
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