Ranchi: झारखंड में रक्तदान अभियान से जुड़े कार्यकर्ताओं और थैलेसीमिया, सिकल सेल एनीमिया, हीमोफीलिया तथा अप्लास्टिक एनीमिया से प्रभावित मरीजों के परिजनों के प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को झारखंड विधानसभा की सरकारी आश्वासन समिति से मुलाकात की. प्रतिनिधिमंडल ने स्वास्थ्य विभाग समेत विभिन्न विभागों से जुड़े मुद्दों पर दो अलग-अलग ज्ञापन समिति के सभापति को सौंपे.
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प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व लहू बोलेगा रक्तदान संगठन, झारखंड राज्य स्वैच्छिक रक्तदान संगठन कॉर्डिनेशन कमेटी और झारखंड थैलेसीमिया-सिकल सेल एनीमिया-हीमोफीलिया-अप्लास्टिक एनीमिया पीड़ित एसोसिएशन के संस्थापक एवं राज्य संयोजक नदीम खान ने किया.

जानकारी के अनुसार, 25 जून 2026 को संगठन की ओर से दिए गए मांग पत्र के आधार पर सरकारी आश्वासन समिति ने स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की थी. बैठक के बाद प्रतिनिधिमंडल ने समिति के सभापति अरूप चटर्जी और समिति की सदस्य तथा रामगढ़ विधायक ममता देवी की मौजूदगी में दो ज्ञापन सौंपे.
पहले ज्ञापन में स्वास्थ्य विभाग, समाज कल्याण, महिला एवं बाल विकास, दिव्यांगता, युवा, शिक्षा, रेलवे और खाद्यान्न आपूर्ति विभाग से जुड़े विभिन्न मुद्दे उठाए गए. वहीं दूसरे ज्ञापन में स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव (अपर मुख्य सचिव) की कार्यशैली, विभागीय अव्यवस्था और जवाबदेही से जुड़े सवाल उठाए गए.
प्रतिनिधिमंडल में सपन कुमार महतो, संजय टोप्पो, अनूप कुमार महतो, गोपाल चंद्र महतो, खुदीराम महतो, बब्बर और साजिद उमर समेत कई रक्तदान आयोजक और रक्त विकार मरीजों के प्रतिनिधि शामिल थे.
प्रतिनिधिमंडल के अनुसार, सरकारी आश्वासन समिति ने दोनों ज्ञापनों पर आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिया है. संगठन का यह भी कहना है कि बैठक के दौरान स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मांगों से जुड़े सवालों का संतोषजनक जवाब नहीं दे सके और जरूरी जानकारी भी उपलब्ध नहीं करा पाए. ऐसे में समिति की अगली बैठक जल्द बुलाए जाने की बात कही गई है.
नदीम खान ने कहा कि रक्तदान व्यवस्था को मजबूत करने और रक्त विकार से पीड़ित मरीजों की समस्याओं के समाधान के लिए सरकार को जल्द प्रभावी कदम उठाने चाहिए. संगठन ने उम्मीद जताई कि समिति के स्तर पर हुई पहल से इन मुद्दों पर ठोस कार्रवाई होगी.
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