Ranchi : सीसीएल मुख्यालय में एकदिवसीय कार्यशाला का आयोजन हुआ. इसमें राजभाषा हिंदी के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर कड़ा संदेश दिया गया. मानव संसाधन विभाग एवं राजभाषा विभाग के संयुक्त तत्वावधान में यह कार्यक्रम हुआ. जिसमें अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि कार्यालयी कार्यों में हिंदी का प्रयोग हर हाल में सुनिश्चित किया जाए.
कार्यक्रम का उद्घाटन महाप्रबंधक (मानव संसाधन) एम. एफ. हक ने किया. उन्होंने दो टूक कहा कि राजभाषा हिंदी का उपयोग केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि संवैधानिक दायित्व है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी.
मुख्य वक्ता डॉ. दिविक दिवेश ने राजभाषा अधिनियम की धारा 3(3), संविधान के अनुच्छेद 343 और संसदीय राजभाषा समिति के प्रावधानों को विस्तार से समझाया. उन्होंने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि नोडल अधिकारी राजभाषा क्रियान्वयन की रीढ़ हैं और कार्यालयों में नोटिंग व ड्राफ्टिंग अनिवार्य रूप से हिंदी में की जानी चाहिए.
कार्यशाला में तिमाही प्रगति रिपोर्ट को सही तरीके से भरने, तकनीकी एवं विधिक शब्दावली के सरल हिंदी प्रयोग और राजभाषा प्रोत्साहन योजनाओं पर भी जोर दिया गया. अंत में सभी विभागों ने शत-प्रतिशत राजभाषा अनुपालन सुनिश्चित करने का संकल्प लिया.
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