Ranchi News : चुटूपालू और ओरमांझी प्रखंड क्षेत्र में अवैध पत्थर खनन और स्टोन क्रशिंग के खिलाफ जिला प्रशासन ने कार्रवाई की है. उच्च न्यायालय के आदेश और खान एवं भूतत्व विभाग के निर्देश पर गठित संयुक्त जांच दल ने क्षेत्र में संचालित स्टोन क्रशिंग इकाइयों का स्थल निरीक्षण और भौतिक सत्यापन किया.
इसे भी पढ़ें...
जांच के दौरान कुल 19 स्टोन क्रशरों के खिलाफ कार्रवाई की गई. इनमें CTO (कंसेंट टू ऑपरेट) लैप्स पाए जाने पर 8 स्टोन क्रशरों को सील कर दिया गया, जबकि नियमों का उल्लंघन कर अवैध रूप से संचालित पाए गए 11 स्टोन क्रशिंग इकाइयों को ध्वस्त कर दिया गया.
खनन पट्टा से लेकर पर्यावरणीय मंजूरी तक जांच
संयुक्त जांच दल ने क्रशिंग इकाइयों से संबंधित दस्तावेजों और मौके की वास्तविक स्थिति का सत्यापन किया. इस दौरान स्वीकृत खनन पट्टा या अनुज्ञप्ति, पर्यावरणीय स्वीकृति, CTE (Consent to Establish) और CTO समेत अन्य वैधानिक अनुमतियों की जांच की गई. इसके अलावा CTO की वैधता, उसमें निर्धारित शर्तों के अनुपालन और प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े प्रावधानों की भी जांच हुई. जहां लागू था, वहां SEIAA की पर्यावरणीय स्वीकृति से संबंधित अभिलेख भी देखे गए.
जांच में जिन इकाइयों का CTO वैध नहीं मिला या उसकी अवधि समाप्त हो चुकी थी, उनके खिलाफ कार्रवाई करते हुए 8 क्रशर सील किए गए. वहीं, नियमों के उल्लंघन और अवैध संचालन के मामले में 11 इकाइयों को ध्वस्त किया गया.
कार्रवाई के दौरान संबंधित अंचल अधिकारी, थाना प्रभारी और पर्याप्त संख्या में पुलिस बल मौजूद रहा. प्रशासन ने कहा है कि अवैध खनन और बिना वैध अनुमति संचालित स्टोन क्रशिंग इकाइयों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी. संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर खनन क्षेत्रों में नियमों और पर्यावरणीय मानकों की नियमित निगरानी की जाएगी.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.

