Ranchi : ऑल इंडिया डेमोक्रेटिक स्टूडेंट्स ऑर्गेनाइजेशन (AIDSO) की झारखंड राज्य कमेटी ने राज्य सरकार के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग द्वारा विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में लागू किए जा रहे रिस्ट्रक्चरिंग और क्लस्टर मॉडल के विरोध में सोमवार को लोक भवन के समक्ष प्रदर्शन किया है.
इस दौरान लोगों ने कहा कि शिक्षा के निजीकरण को बढ़ावा देने की तैयारी की जा रही है. छात्र संख्या कम होने का कारण छात्रों की रुचि की कमी नहीं, बल्कि वर्षों से शिक्षकों की नियुक्ति नहीं होना, मूलभूत सुविधाओं का अभाव और नियमित पढ़ाई नहीं होना है.
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने आरोप लगाया कि कोल्हान क्षेत्र के महिला कॉलेज चाईबासा में हो भाषा विभाग समेत कई विषयों को क्लस्टर मॉडल के तहत प्रभावित किया जा रहा है, जिससे आदिवासी भाषाओं और संस्कृति को नुकसान पहुंचेगा.
संगठन ने काशी साहू कॉलेज, सरायकेला में कुड़माली विभाग और सिंहभूम कॉलेज, चांडिल में गृह विज्ञान और सामाजिक विज्ञान विषयों के लिए पदों को भरकर पढ़ाई जारी रखने की मांग की है. ग्रुप-डी समेत कई पदों को समाप्त कर आउटसोर्सिंग और संविदा व्यवस्था को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे रोजगार के अवसर कम हो रहे हैं.
वहीं, महिला कॉलेजों की छात्राओं को अन्य कॉलेजों में पढ़ाई के लिए भेजने की योजना से उनकी सुरक्षा और शिक्षा दोनों प्रभावित करने का प्रयास किए जा रहे हैं. संगठन ने सरकार से क्लस्टर मॉडल और पुनर्गठन संबंधी अधिसूचना वापस लेने, शिक्षकों-कर्मचारियों की स्थायी नियुक्ति करने, मूलभूत सुविधाएं बढ़ाने और स्थानीय भाषाओं के विभागों का विस्तार करने की मांग की गई.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.


Leave a Comment