Ranchi News : आइसा जेएन कॉलेज, रांची का इकाई सम्मेलन शनिवार को संपन्न हुआ. सम्मेलन में शिक्षा व्यवस्था के बढ़ते संकट, अनियमित शैक्षणिक सत्र, कॉलेज में बुनियादी सुविधाओं की कमी और प्रोफेसरों की कमी जैसे मुद्दों पर चर्चा की गई.
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सम्मेलन में केंद्र और राज्य सरकारों की शिक्षा नीतियों, क्लस्टर सिस्टम और नई शिक्षा नीति (NEP)-2020 के खिलाफ संघर्ष तेज करने का निर्णय लिया गया. वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा के निजीकरण, व्यावसायीकरण और केंद्रीकरण के खिलाफ छात्र आंदोलन को मजबूत किया जाएगा. वहीं, छात्रों को छात्रवृत्ति का भुगतान समय पर सुनिश्चित कराने के लिए जल्द आंदोलन तेज करने की बात कही गई.
सम्मेलन में जेएन कॉलेज के शैक्षणिक सत्र को नियमित करने, विषयवार पर्याप्त प्रोफेसरों की नियुक्ति करने और कॉलेज में गुणवत्तापूर्ण बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग उठाई गई.
सम्मेलन की पर्यवेक्षक कॉमरेड सोनाली केवट रहीं. इस दौरान सर्वसम्मति से छह सदस्यीय आइसा जेएन कॉलेज इकाई का गठन किया गया. चंदन स्वर्णकार को अध्यक्ष, रौशन कुमार को सचिव, सुषमा और अरफत अंसारी को उपाध्यक्ष तथा सुनिल मरांडी और शैलेन्द्र कुमार को सह-सचिव चुना गया.
कार्यक्रम में आइसा रांची जिला अध्यक्ष विजय कुमार, जिला सचिव संजना मेहता, सोनाली केवट, निखिल राज और सौरव बेदिया समेत कॉलेज के दर्जनों छात्र-छात्राएं मौजूद रहे. सम्मेलन में छात्र समस्याओं को लेकर लगातार संघर्ष करने और व्यापक छात्र आंदोलन को मजबूत करने का संकल्प लिया गया.
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