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रांची के मनोरंजन कुमार बने BSF के DIG, सुरक्षा से लेकर खेल व कला तक में हैं माहिर

Ranchi : डोरंडा के भारती कंपाउंड निवासी मनोरंजन कुमार आज देश की सीमा सुरक्षा में एक अहम नाम बन चुके हैं. सीमा सुरक्षा बल (BSF) के वरिष्ठ अधिकारी मनोरंजन कुमार को 1 सितंबर 2025 को डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल (DIG) के पद पर पदोन्नति मिली है. फिलहाल वे BSF फ्रंटियर मुख्यालय, मेघालय में DIG (ऑपरेशंस) के रूप में सेवाएं दे रहे हैं.

 

मनोरंजन कुमार ने अपनी शुरुआती पढ़ाई JVM श्यामली, रांची से की और 1985 में 10+2 पास किया. इसके बाद उन्होंने 1989 में रांची कॉलेज (रांची विश्वविद्यालय) से केमिस्ट्री में बीएससी (ऑनर्स) किया. खेलों के प्रति उनकी रुचि शुरू से ही रही, इसी वजह से उन्होंने 1990–91 में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ स्पोर्ट्स (NIS) से बास्केटबॉल की प्रोफेशनल ट्रेनिंग ली. साथ ही उन्होंने IGNOU से MBA, डिप्लोमा इन मैनेजमेंट, पीजीडीएचआरएम, कंप्यूटर एप्लीकेशन में डिप्लोमा और फ्रेंच भाषा के सर्टिफिकेट कोर्स भी किए.

 

उन्होंने 1992–93 में स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) में बास्केटबॉल कोच के रूप में काम किया. इसके बाद 2 जुलाई 1993 को वे BSF में असिस्टेंट कमांडेंट के रूप में शामिल हुए. लंबे और शानदार सेवाकाल के दौरान वे कमांडेंट बने और अब DIG के पद तक पहुंचे हैं.

 

सेवा के दौरान उन्होंने आतंकवाद विरोधी अभियान, भारत-बांग्लादेश और भारत-पाकिस्तान सीमा प्रबंधन, एलओसी पर तैनाती और नशीले पदार्थों के खिलाफ कार्रवाई जैसे कई अहम मोर्चों पर काम किया. वे नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB), दिल्ली में ज़ोनल डायरेक्टर/डिप्टी डायरेक्टर के रूप में भी प्रतिनियुक्ति पर रह चुके हैं. ऑपरेशन पराक्रम, ऑपरेशन विजय और ऑपरेशन सिंदूर जैसे बड़े राष्ट्रीय अभियानों के दौरान भी वे सक्रिय रूप से तैनात रहे.

 

खेलों में भी मनोरंजन कुमार की अलग पहचान रही है. वे राष्ट्रीय और विश्वविद्यालय स्तर के बास्केटबॉल खिलाड़ी रहे हैं और बिहार राज्य, रांची विश्वविद्यालय, ऑल इंडिया स्कूल गेम्स, ऑल इंडिया रूरल मीट, DAV मीट और इंटर-फ्रंटियर प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले चुके हैं. NIS कोच के रूप में उन्होंने SAI, बिहार राज्य गर्ल्स टीम, बिहार रेजिमेंट आर्मी टीम और BSF की विभिन्न टीमों को कोचिंग दी है.

 

खेल और सेवा के साथ-साथ वे रचनात्मक क्षेत्र में भी सक्रिय हैं. वे डिक्शनरी ऑफ कोटेशन के लेखक हैं और बेकार लकड़ी से खूबसूरत कलाकृतियां बनाने वाले एक जाने-माने कलाकार और मूर्तिकार भी हैं.उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए उन्हें DG BSF कमेंडेशन रोल, DG NCB कमेंडेशन रोल और जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल द्वारा प्रशंसा पत्र जैसे कई सम्मान मिल चुके हैं.

 

 

 

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