Ranchi : झारखंड के आवासीय उपभोक्ताओं को जल संयोजन शुल्क में अब बड़ी राहत मिलेगी. गरीबी रेखा के नीचे जीवनयापन करने वाले परिवारों को जल संयोजन मुफ्त में उपलब्ध कराया जाएगा. इस संबंध में सरकार ने गरीबी रेखा की परिभाषा तय कर दी है.

विधानसभा की प्रत्यायुक्त विधान समिति ने नगर विकास विभाग के अधिकारियों के साथ चार बैठकें कर इस पर विचार किया. समिति के सभापति सरयू राय ने बताया कि झारखंड में जल संयोजन शुल्क अन्य राज्यों की तुलना में अधिक था. फिलहाल 1000 वर्गफीट वाले मकान के लिए 7000 रुपये, 2000 वर्गफीट के लिए 14000 रुपये और 3000 वर्गफीट के लिए 21000 रुपये तक वसूला जाता था.
समिति के निर्देश पर संशोधन के बाद नगर विकास विभाग ने तय किया कि 1000 वर्गफीट तक के घर के लिए जल संयोजन शुल्क अब केवल 5000 रुपये होगा. वहीं, 1000 वर्गफीट से अधिक क्षेत्रफल वाले घरों के लिए अधिकतम 7000 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है.
यह भी निर्णय हुआ कि गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले परिवारों को मुफ्त जल संयोजन मिलेगा. इस परिभाषा को मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना में निर्धारित मानक के आधार पर लागू किया जाएगा.
नगर विकास विभाग के इस निर्णय को विधानसभा समिति ने अपने प्रतिवेदन में शामिल कर 25 अगस्त 2025 को सदन पटल पर प्रस्तुत कर दिया. इसके साथ ही विभाग को निर्देश दिया गया कि प्रतिवेदन की प्रति प्राप्त होने के 25 दिनों के भीतर इसकी अधिसूचना जारी की जाए. यह फैसला जमशेदपुर समेत पूरे राज्य के उपभोक्ताओं के लिए बड़ी राहत साबित होगा.


