Ranchi News: झारखंड में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR)-2026 के तहत लाखों मामलों को निपटाना अब भी चुनौती बना हुआ है. 26 अक्टूबर तक नो मैपिंग और लॉजिकल डिस्क्रिपेंसी श्रेणियों में कुल 35.28 लाख मामले लंबित हैं. इनमें नो मैपिंग के 10.14 लाख और लॉजिकल डिस्क्रिपेंसी के 25.13 लाख मामले शामिल हैं.
वहीं, अन्य श्रेणी में 85.87 प्रतिशत मामलों को निपटाया जा चुका है. मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने सोमवार को मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर जिलावार और विधानसभा क्षेत्रवार स्थिति की जानकारी साझा की.
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मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि प्रत्येक पात्र भारतीय नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल करना और सूची को शुद्ध, समावेशी तथा त्रुटिरहित बनाना प्राथमिकता है. इसके लिए राजनीतिक दलों से सक्रिय सहयोग की अपेक्षा की गई. बैठक में नोटिस जारी करने, दावा-आपत्ति, सुनवाई और मामलों को निपटाने पर चर्चा हुई.
तीन मामलों में श्रेणियों की स्थिति
निर्वाचन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, नो मैपिंग श्रेणी में कुल 14,04,033 मामलों में से 3,89,248 मामलों को निपटाकर ECINET पर अपडेट किया गया है. इस श्रेणी में 27.72 प्रतिशत प्रगति हुई है, जबकि 10,14,785 मामले लंबित हैं.
लॉजिकल डिस्क्रिपेंसी श्रेणी में कुल 45,49,961 मामलों में से 20,35,968 मामलों को निपटाया गया है. यहां 44.75 प्रतिशत प्रगति दर्ज की गई है. इसके बावजूद 25,13,993 मामले लंबित हैं.
अन्य श्रेणी में स्थिति अपेक्षाकृत बेहतर है. कुल 1,61,65,853 मामलों में से 1,38,80,904 मामलों को निपटाकर ECINET पर अपडेट किया गया है. इस श्रेणी में 85.87 प्रतिशत काम पूरा हुआ है, जबकि 22,84,949 मामले अभी शेष हैं.
जिलावार आंकड़ों में लॉजिकल डिस्क्रिपेंसी श्रेणी में लोहरदगा 98.57 प्रतिशत मामलों को निपटाकर सबसे आगे है. पश्चिमी सिंहभूम में 94.78 प्रतिशत, गुमला में 80.57 प्रतिशत, सिमडेगा में 70.02 प्रतिशत और देवघर में 65.64 प्रतिशत प्रगति हुई है.
इसके विपरीत गोड्डा में केवल 19.46 प्रतिशत मामलों को निपटाया गया है. पाकुड़ में 20.69 प्रतिशत, गढ़वा में 23.51 प्रतिशत, रांची में 23.81 प्रतिशत और साहिबगंज में 24.37 प्रतिशत मामले निपटाए गए हैं.
नो मैपिंग श्रेणी में लोहरदगा 67.92 प्रतिशत और पश्चिमी सिंहभूम 60.12 प्रतिशत के साथ आगे हैं. गढ़वा में 48.98 प्रतिशत, सिमडेगा में 47.97 प्रतिशत और बोकारो में 39.90 प्रतिशत प्रगति हुई है.
विधानसभा क्षेत्रों में बड़ा अंतर
वहीं, कोडरमा में केवल 4.49 प्रतिशत और पलामू में 5.28 प्रतिशत मामले निपटाए गए हैं. गिरिडीह में 11.21 प्रतिशत, साहिबगंज में 13.12 प्रतिशत और रांची में 14.37 प्रतिशत प्रगति दर्ज की गई है.
अन्य श्रेणी में लोहरदगा ने 100 प्रतिशत मामलों को निपटाकर बेहतर प्रदर्शन किया है. पश्चिमी सिंहभूम में 99.91 प्रतिशत, पूर्वी सिंहभूम में 99.19 प्रतिशत, लातेहार में 98.81 प्रतिशत और खूंटी में 98.80 प्रतिशत मामले निपटाए गए हैं. इस श्रेणी में धनबाद 65.06 प्रतिशत के साथ सबसे पीछे है. चतरा में 69.47 प्रतिशत, साहिबगंज में 70.70 प्रतिशत, बोकारो में 72.63 प्रतिशत और गोड्डा में 73.94 प्रतिशत प्रगति हुई है.
विधानसभा क्षेत्रवार आंकड़ों के अनुसार, लॉजिकल डिस्क्रिपेंसी श्रेणी में लोहरदगा में 98.57 प्रतिशत, चक्रधरपुर में 98.48 प्रतिशत, जगन्नाथपुर में 95.20 प्रतिशत, मझगांव में 94.45 प्रतिशत और चाईबासा में 93.76 प्रतिशत मामले निपटाए गए हैं. दूसरी ओर, गोड्डा में 9.21 प्रतिशत, रांची में 10.07 प्रतिशत, पाकुड़ में 10.12 प्रतिशत, महागामा में 12.41 प्रतिशत और हटिया में 14.41 प्रतिशत प्रगति हुई है.
नो मैपिंग श्रेणी में चक्रधरपुर 85.47 प्रतिशत के साथ शीर्ष पर है. जगन्नाथपुर में 73.68 प्रतिशत, लोहरदगा में 67.92 प्रतिशत, भवनाथपुर में 58.09 प्रतिशत और मझगांव में 54.41 प्रतिशत मामले निपटाए गए हैं. छतरपुर में 1.91 प्रतिशत, हुसैनाबाद में 2.26 प्रतिशत, पांकी में 2.56 प्रतिशत, कोडरमा में 4.49 प्रतिशत और राजमहल में 7.04 प्रतिशत प्रगति हुई है.
अन्य श्रेणी में सिल्ली, चाईबासा, लोहरदगा, बरही और खूंटी में 100 प्रतिशत मामले निपटाए गए हैं. वहीं, झरिया में 42.65 प्रतिशत, पोड़ैयाहाट में 42.98 प्रतिशत, राजमहल में 43.38 प्रतिशत, धनबाद में 52.58 प्रतिशत और मांडर में 55.35 प्रतिशत प्रगति दर्ज की गई है.
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