Sports News: रफ्तार और रोमांच के खेल पोलो की छह महीने बाद दिल्ली-एनसीआर में वापसी हुई है. नोएडा स्थित जिन्दल पोलो एस्टेट में 'जिन्दल पैंथर कप' से 2026 पोलो सीजन का धमाकेदार आगाज हो गया है. उद्घाटन मैच में जिन्दल पैंथर ने अपने अभियान की शुरूआत विजय यात्रा से की है. पहले मुकाबले में जिन्दल पैंथर ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सुजान को 12-6 के अंतर से करारी शिकस्त दी.
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मुकाबले का हाल
शुरुआत में दोनों टीमों में जबरदस्त टक्कर हुई और पहला चक्कर 2-2 की बराबरी पर छूटा, लेकिन इसके बाद जिन्दल पैंथर ने अपनी लय पकड़ी और दूसरे चक्कर के अंत तक 8-2 से बढ़त बना ली. तीसरे चक्कर में उसने 9-4 और अंत में 12-6 के अंतर से शानदार जीत दर्ज की.
1 नवंबर तक चार टूर्नामेंट होंगे आयोजित
1 नवंबर 2026 तक चलने वाले इस पोलो सीजन में चार टूर्नामेंट आयोजित किए जाएंगे. जिन्दल पैंथर कप के बाद संजय कपूर मेमोरियल कप, फिर जिन्दल पैंथर शील्ड और अंत में जिन्दल एस्टेट कप का आयोजन होगा.
यह टूर्नामेंट हर सप्ताह मंगलवार से रविवार तक चलेगा, जिसमें शुरुआती मैच, लीग मुकाबले और सेमीफाइनल के बाद रविवार को फाइनल मैच खेला जाएगा. यानी 1 नवंबर तक पूरा रोमांच रहेगा. इस दौरान पोलो प्रेमियों को खेल का पूरा आनंद उठाने का मौका मिलेगा.
जिन्दल पैंथर पोलो टीम का इतिहास
उद्योगपति और खेल प्रेमी नवीन जिन्दल ने 1980 के दशक के अंत में 'जिन्दल पैंथर पोलो' टीम बनाई थी, जो भारत की प्रमुख पोलो टीमों में से एक है. इस टीम को भारतीय पोलो संघ से मान्यता प्राप्त है. यह टीम ताकत, रफ्तार और एकजुटता की प्रतीक है. यही खूबी इसके ब्रांड में भी दिखती है.
अब तक जिन्दल पैंथर पोलो ने बड़ौदा कप, जयपुर ओपन, सिरमूर कप और भोपाल-पटौदी कप जैसे देश के बड़े टूर्नामेंट जीते हैं. इस टीम के खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी भारत का नाम रोशन कर चुके हैं. केवल मैच जीतने तक सीमित न रहकर यह टीम युवाओं को कोचिंग देने, घोड़ों की विश्वस्तरीय देखभाल और अस्तबल सहायकों का कौशल बढ़ाने जैसे काम भी करती है, ताकि भारत में पोलो खेल का भविष्य उज्ज्वल हो सके.
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