Ranchi: राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, झारखंड के तहत राज्य में परिवार नियोजन कार्यक्रम को मजबूत किया जा रहा है. इसी क्रम में महिलाओं के लिए सुरक्षित, स्वैच्छिक और स्थायी गर्भनिरोधक उपाय के रूप में महिला बंध्याकरण को बढ़ावा दिया जा रहा है. इसका उद्देश्य मातृ और शिशु स्वास्थ्य में सुधार लाना और जनसंख्या को संतुलित रखना है.
महिला बंध्याकरण एक सरल और सुरक्षित प्रक्रिया है, जिसे प्रशिक्षित डॉक्टरों द्वारा सरकारी और मान्यता प्राप्त स्वास्थ्य संस्थानों में मुफ्त किया जाता है. इस प्रक्रिया के बाद महिला को भविष्य में गर्भधारण की चिंता नहीं रहती, जिससे वह अपने स्वास्थ्य और परिवार पर बेहतर ध्यान दे सकती है.
इस योजना के तहत राज्य के विभिन्न जिलों में विशेष शिविर लगाए जा रहे हैं. इन शिविरों में योग्य दंपत्तियों को परामर्श, जांच और मुफ्त ऑपरेशन की सुविधा दी जा रही है. साथ ही महिला बंध्याकरण कराने पर 2000 रुपये और प्रसव के 7 दिनों के अंदर बंध्याकरण कराने पर 3000 रुपये की प्रोत्साहन राशि भी दी जाती है.
स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि महिला बंध्याकरण पूरी तरह स्वैच्छिक है. इसे अपनाने से पहले दंपत्तियों को पूरी जानकारी और परामर्श दिया जाता है. साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाता है कि महिला का स्वास्थ्य इस प्रक्रिया के लिए उपयुक्त हो और ऑपरेशन के बाद सही देखभाल मिले.
स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे अपने परिवार को छोटा और स्वस्थ रखने के लिए परिवार नियोजन के स्थायी उपाय अपनाएं. महिला बंध्याकरण से पहले नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में परामर्श जरूर लें. अधिक जानकारी के लिए सहिया कार्यकर्ता या नजदीकी सरकारी अस्पताल से संपर्क किया जा सकता है.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें


Leave a Comment