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टीएमसी ने पहलगाम आतंकी हमले को लेकर मोदी सरकार को घेरा, फेलियर बता सवालों की झड़ी लगा दी

टीएमसी सांसद ने पूछा कि सरकार पेगासस जैसे जासूसी टूल का इस्तेमाल आतंकियों के खिलाफ क्यों नहीं कर रही है.   सरकार स्पष्ट करे कि पहलगाम के हमलावर जिंदा है या मारे गये.
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 Kolkata :  पहलगाम आतंकी हमले को लेकर अब तृणमूल कांग्रेस ने सवाल उठाये हैं. टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी ने मोदी सरकार को कटघरे में खड़ा करते हुए पहलगाम हमले को मोदी सरकार पर पांच सवाल दागे हैं.  

 

 

टीएमसी सांसद ने कहा कि पहलगाम हमले को लेकर 55 दिन से ज्यादा हो गये हैं, लेकिन सरकार (मोदी) ने बॉर्डर सेफ्टी, इंटेलिजेंस, विदेश नीति, मीडिया और ज्यूडिशियरी के संदर्भ में चुप्पी साध ली है. 

 


अभिषेक बनर्जी ने एक्स पर पोस्ट कर चिंता जताते हुए कहा कि विपक्ष, मीडिया और ज्यूडिशियरी ने भी इन सवालों को नहीं उठाया. यह लोकतंत्र के लिए चिंताजनक है टीएमसी सांसद ने कहा कि एक जिम्मेदार नागरिक और जनप्रतिनिधि होने के नाते  मैं भारत सरकार से 5 सवाल पूछता हूं. 

 


अभिषेक बनर्जी के अनुसार पहलगाम हमला नेशनल सिक्योरिटी के लिए बड़ी चूक थी, इसकी जिम्मेदारी किसी ने नहीं ली. टीएमसी सांसद ने सवाल उठाया कि अगर यह इंटेलिजेंस फेलियर था, तो इंटेलिजेंस ब्यूरो के चीफ को एक साल का विस्तार क्यों मिला.

 

यह भी पूछा कि सरकार पेगासस जैसे जासूसी टूल का इस्तेमाल आतंकियों के खिलाफ क्यों नहीं कर रही है.  उन्होंने कहा कि सरकार स्पष्ट करे कि पहलगाम के हमलावर जिंदा है या मारे गये.

 

अगर भारत विश्व गुरु और चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है तो पाकिस्तान को IMF और वर्ल्ड बैंक से  पैसा क्योंकर मिला. पाकिस्तान को UN की काउंटर-टेररिज्म कमेटी का उपाध्यक्ष कैसे बना दिया गया?


टीएमसी सांसद ने लिखा कि पिछले 10 साल में विदेश मामलों पर 2 लाख करोड़ रुपए खर्च हुए हैं.  देश की जनता पारदर्शिता, जवाबदेही और नतीजे चाहती है. चुप्पी और बहानेबाजी नहीं चलेगी. 


अभिषेक बनर्जी ने कहा कि ऑपलेशन सिंदूर के बाद अमेरिका के राष्ट्रपति ने भारत को युद्धविराम और व्यापार वादों के बदले मना लिया था,  तो भारत सरकार ने इसका जवाब क्यों नहीं दे रही है. 

 


 
 
  
 

 

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