Nowamundi (Amit Kumar): पश्चिमी सिंहभूम जिला के सेल की रांजाबुरु माइंस में शनिवार को स्थानीय रोजगार की मांग को लेकर 18 गांवों के मुंडा-मानकी और ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया. सारंडा विकास समिति के बैनर तले हुए इस आंदोलन के दौरान माइंस का कामकाज कई घंटों तक प्रभावित रहा.
ग्रामीणों का कहना था कि पहले हुए आंदोलन के बाद प्रबंधन और ग्रामीणों के बीच यह सहमति बनी थी कि माइंस में स्थानीय लोगों को रोजगार दिया जाएगा. बावजूद इसके ठेका कंपनी द्वारा बाहरी मजदूरों को काम पर रखा जा रहा है, जिससे स्थानीय युवाओं में नाराजगी बढ़ती जा रही है. प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि ड्राइवर, खलासी और अन्य मजदूरों के पदों पर भी बाहरी लोगों की नियुक्ति की जा रही है. इसे लेकर ग्रामीणों ने माइंस के बाहर जमकर विरोध जताया और स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता देने की मांग की.
सूचना मिलने पर प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से बातचीत की. वहीं परिवहन मंत्री के पीए ने भी आंदोलनकारियों से चर्चा कर उनकी मांगों को संबंधित विभाग तक पहुंचाने का आश्वासन दिया. वार्ता के बाद आंदोलन को अस्थायी रूप से स्थगित कर दिया गया, लेकिन ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि मांगें पूरी नहीं होने पर आगे और बड़ा आंदोलन किया जाएगा. इस मौके पर स्थानीय महिला पुरुष ग्रामीण मौजूद थे.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.


Leave a Comment